बेस्ट राजस्थान में घूमने की जगह

भारत की एक राज्य राजस्थान यानि “राजाओ का स्थान” अपनी इतिहास के लिए पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हैं। अगर आप राजस्थान की इतिहास में जायेंगे तो आपको एक से बढ़कर एक साहसी और पराक्रमी महाराजाओ की कहानिया सुनने को मिलेगी जिसमे पृथ्वीराज चौहान, महाराणा प्रताप, सम्राट हेम चंद्र विक्रमादित्य, महाराणा उदय सिंह और राजा मान सिंह हामिल है

राजस्थान में राजसी महलों और भव्य किलों के अलावा भी बहुत कुछ है जो पर्यटक को अपनी तरफ आकर्षित करता है वो है यहाँ की वन्य जीवन, झील, धार्मिक स्थान और सुनहरी रेगिस्तान। राजस्थान की एक अलग ही रंगीन और जीवंत संस्कृति है जो आपके अपनी ओर आकर्षित करती है।

जोधपुर

राठौर वंस के इतिहास के मसहूर जोधपुर का जन्म सन्न 1459 में हुआ था। राठौड़ वंश के जो प्रमुख थे जिनका नाम “राव जोधा” था उन्होंने ही जोधपुर की संरचना की थी। इस शहर की जगह पे पहले मंडोर नाम का शहर हुआ करता था जो की मनवर राज्य का राजधानी था। यहाँ पे रहने वालो को मारवाड़ी कहते है जो जोधपुर के मूल निवासी है।

उदयपुर

अरावली की हरी भरी पहाड़ियों से घिरा हुआ एक शहर, उदयपुर जिसका उत्पति सन्न 1553 में महाराणा उदय सिंह II के द्वारा अपनी नई राजधानी के रूप में की गई, जो की मेवाड़ की पहली राजधानी बनी।उदयपुर के आस पास बहुत सी नीले पानी की झीलें है इसलिए इसको City of Lakes “झीलों का शहर” नाम से भी बुलाया जाता हैं। यहाँ की सबसे प्रसीद घूमने वाली जगह है Lake Palace जो पिछोला झील के बीच में स्थित हैं।

जयपुर

जयपुर का जन्म सन्न 1727 में राजा जय सिंह II के द्वारा की गई थी जो अंबर के राजा थे। भारत का पहला नियोजित शहर (Planned City) जयपुर को ही माना जाता हैं। ये शहर जो राजस्थान की राजधानी भी है अपने प्राचीन इतिहास के लिए भी प्रसिद्ध हैं।

जैसलमेर

जैसलमेर शहर का जन्म सन्न 1156 में रावल जैसल के द्वारा अपनी राजधानी बनाकर किया गया था। जैसलमेर थार रेगिस्तान के बिच में बसा एक शहर है जिसको सोने का शहर  भी कहा जाता हैं। इस शहर की सिमा पाकिस्तान की सिमा के करीब है और इसका भारत की सिमा की रक्षा में एक बहुत बड़ा योगदान हैं।

अजमेर

अरावली की पहाड़ियों और अना सागर की झील से घिरा हुआ एक शहर, अजमेर जिसका जन्म 7वीं शताब्दी में राजा अजयपाल चौहान के द्वारा की गई थी जिसको चौहान राजवंश की प्रमुख शहर के रूप में 12वीं शताब्दी तक इस्तेमाल किया गया। भारत का पहला पहाड़ी किला, तारागढ़ भी चौहान राजवंश के द्वारा ही निर्माणित किया गया था।